Home » Jeevan Mantra »Jeene Ki Rah »Dharm Granth » Mahabharat- Know The Story Of Duryodhan S Birth.

दुर्योधन के जन्म लेते ही चलने लगी थी आंधी, हुए थे ये अपशकुन

दुर्योधन महाभारत के सबसे प्रमुख पात्रों में से एक है। आज हम आपको बता रहे हैं दुर्योधन के जन्म की कथा, जो इस प्रकार है-

dainikbhaskar.com | Last Modified - Apr 08, 2018, 05:34 PM IST

  • दुर्योधन के जन्म लेते ही चलने लगी थी आंधी, हुए थे ये अपशकुन
    +2और स्लाइड देखें

    यूटिलिटी डेस्क. दुर्योधन महाभारत के सबसे प्रमुख पात्रों में से एक है। आज हम आपको बता रहे हैं दुर्योधन के जन्म की कथा, जो इस प्रकार है-

    ऐसे हुआ दुर्योधन का जन्म
    धृतराष्ट्र की पत्नी गांधारी को महर्षि वेदव्यास ने सौ पुत्रों की माता होने का वरदान दिया था। समय आने पर गांधारी को गर्भ ठहरा, लेकिन वह दो वर्ष तक पेट में रुका रहा। घबराकर गांधारी ने गर्भ गिरा दिया। उसके पेट से लोहे के गोले के समान एक मांस पिंड निकला। तब महर्षि वेदव्यास वहां पहुंचे और उन्होंने कहा कि तुम सौ कुण्ड बनवाकर उन्हें घी से भर दो और उनकी रक्षा के लिए प्रबंध करो। इसके बाद महर्षि वेदव्यास ने गांधारी को उस मांस पिण्ड पर ठंडा जल छिड़कने के लिए कहा।
    जल छिड़कते ही उस मांस पिण्ड के 101 टुकड़े हो गए। महर्षि की आज्ञानुसार गांधारी ने उन सभी मांस पिंडों को घी से भरे कुंडों में रख दिया। फिर महर्षि ने कहा कि इन कुण्डों को दो साल के बाद खोलना। समय आने पर उन कुण्डों से पहले दुर्योधन का जन्म हुआ और उसके बाद अन्य गांधारी पुत्रों का।

    दुर्योधन के जन्म पर हुए थे अपशकुन
    जन्म लेते ही दुर्योधन गधे की तरह रेंकने लगा। उसका शब्द सुनकर गधे, गीदड़, गिद्ध और कौए भी चिल्लाने लगे, आंधी चलने लगी, कई स्थानों पर आग लग गई। यह देखकर विदुर ने राजा धृतराष्ट्र से कहा कि आपका यह पुत्र निश्चित ही कुल का नाश करने वाला होगा अत: आप इस पुत्र का त्याग कर दीजिए लेकिन पुत्र स्नेह के कारण धृतराष्ट्र ऐसा नहीं कर पाए।


    गांधारी के अन्य पुत्रों के नाम जानने के लिए आगे की स्लाइड पर क्लिक करें-

    ये भी पढ़ें-

    इन 7 बातें देती हैं बुरा समय शुरू होने का संकेत, आपके साथ तो नहीं हो रहीं

    डेट ऑफ बर्थ के अनुसार जेब में रखें इस खास रंग का पर्स, हो सकता है धन लाभ

  • दुर्योधन के जन्म लेते ही चलने लगी थी आंधी, हुए थे ये अपशकुन
    +2और स्लाइड देखें

    1. दुर्योधन
    2. दु:शासन
    3. दुस्सह
    4. दुश्शल
    5. जलसंध
    6. सम
    7. सह
    8. विंद
    9. अनुविंद
    10. दुद्र्धर्ष
    11. सुबाहु
    12. दुष्प्रधर्षण
    13. दुर्मुर्षण
    14. दुर्मुख
    15. दुष्कर्ण
    16. कर्ण
    17. विविंशति
    18. विकर्ण
    19. शल
    20. सत्व
    21. सुलोचन
    22. चित्र
    23. उपचित्र
    24.चित्राक्ष
    25. चारुचित्र
    26. शरासन
    27. दुर्मुद
    28. दुर्विगाह
    29. विवित्सु
    30. विकटानन
    31. ऊर्णनाभ
    32. सुनाभ
    33. नंद
    34. उपनंद
    35. चित्रबाण
    36. चित्रवर्मा
    37. सुवर्मा
    38. दुर्विमोचन
    39. आयोबाहु
    40. महाबाहु
    41. चित्रांग
    42. चित्रकुंडल
    43. भीमवेग
    44. भीमबल
    45. बलाकी
    46. बलवद्र्धन
    47. उग्रायुध
    48. सुषेण
    49. कुण्डधार
    50. महोदर

  • दुर्योधन के जन्म लेते ही चलने लगी थी आंधी, हुए थे ये अपशकुन
    +2और स्लाइड देखें

    51. चित्रायुध
    52. निषंगी
    53. पाशी
    54. वृंदारक
    55. दृढ़वर्मा
    56. दृढ़क्षत्र
    57. सोमकीर्ति
    58. अनूदर
    59. दृढ़संध
    60. जरासंध
    61. सत्यसंध
    62. सद:सुवाक
    63. उग्रश्रवा
    64. उग्रसेन
    65. सेनानी
    66. दुष्पराजय
    67. अपराजित
    68. कुण्डशायी
    69. विशालाक्ष
    70. दुराधर
    71. दृढ़हस्त
    72. सुहस्त
    73. बातवेग
    74. सुवर्चा
    75. आदित्यकेतु
    76. बह्वाशी
    77. नागदत्त
    78. अग्रयायी
    79. कवची
    80. क्रथन
    81. कुण्डी
    82. उग्र
    83. भीमरथ
    84. वीरबाहु
    85. अलोलुप
    86. अभय
    87. रौद्रकर्मा
    88. दृढऱथाश्रय
    89. अनाधृष्य
    90. कुण्डभेदी
    91. विरावी
    92. प्रमथ
    93. प्रमाथी
    94. दीर्घरोमा
    95. दीर्घबाहु
    96. महाबाहु
    97. व्यूढोरस्क
    98. कनकध्वज
    99. कुण्डाशी
    100. विरजा।
    इनके अलावा गांधारी की एक पुत्री भी थी जिसका नाम दुुश्शला था, इसका विवाह राजा जयद्रथ से हुआ था।

आगे की स्लाइड्स देखने के लिए क्लिक करें
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

Trending

Top
×