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  • इस एक मंत्र के जप से मिलता है संपूर्ण रामायण पढ़ने का पुण्य
    उज्जैन। कल (8 अप्रैल, मंगलवार) श्रीराम नवमी का पर्व है। धर्म ग्रंथों के अनुसार इसी तिथि को भगवान श्रीराम का जन्म हुआ था। यदि इस दिन भगवान राम की भक्ति मन लगाकर की जाए तो भक्त की हर मुश्किल आसान हो सकती है। मंत्र शास्त्र के अनुसार इस दिन एक श्लोकी रामायण मंत्र का जप करने के विशेष फल प्राप्त होता है व हर मुश्किल आसान हो जाती है। ये मंत्र इस प्रकार है- मंत्र आदि राम तपोवनादि गमनं, हत्वा मृगं कांचनम्। वैदीहीहरणं जटायुमरणं, सुग्रीवसंभाषणम्।। बालीनिर्दलनं समुद्रतरणं, लंकापुरीदाहनम्। पश्चाद् रावण...
    April 7, 07:38 AM
  • शुभ और मीठा बोलने का पर्व गुड़ी पड़वा 31 को
    उज्जैन। महाराष्ट्र में हिंदू नव वर्ष गुड़ी पड़वा के रूप में मनाया जाता है। इस बार यह पर्व 31 मार्च, सोमवार को है। इस दिन लोग सुबह स्नान कर सोला (रेशमी वस्त्र) पहनकर अपने घर में छत पर या फिर आंगन में एक 5 से 6 फीट ऊंचा डंडा खड़ा करते हैं। उसे वस्त्र से लेपटते हैं। उसके ऊपर कटोरी, गिलास या लोटा उलटा कर लगा देते हैं एवं काजल से आंख, नाक, कान व मुंह की आकृति बनाते हैं। इसके बाद इसकी पूजा की जाती है व भगवान से पूरा साल अच्छा बीतने की प्रार्थना की जाती है। इस दिन महाराष्ट्रीयन परिवारों में विशेष रूप से गुड़ भात...
    March 26, 06:00 AM
  • गुड़ी पड़वा 31 को, जानिए क्यों मनाते हैं ये पर्व व इसका महत्व
    उज्जैन। चैत्र मास की शुक्ल प्रतिपदा को गुड़ी पड़वा कहते हैं। इस दिन से हिन्दू नव वर्ष आरम्भ होता है। इस बार यह पर्व 31 मार्च, सोमवार को है। गुड़ी का अर्थ है विजय पताका। कहा जाता है कि इसी दिन ब्रह्माजी ने सृष्टि का निर्माण किया था। इसी दिन से नया संवत्सर भी शुरु होता है। अत: इस तिथि को नवसंवत्सर भी कहते हैं। इसी दिन से चैत्र नवरात्रि का आरंभ भी होता है। चैत्र ही एक ऐसा महीना है, जिसमें वृक्ष तथा लताएं फलते-फूलते हैं। शुक्ल प्रतिपदा का दिन चंद्रमा की कला का प्रथम दिवस माना जाता है। जीवन का मुख्य आधार...
    March 24, 06:00 AM
  • गणेश चतुर्थी आज: इस विधि से करें ये व्रत, प्रसन्न होंगे गौरीपुत्र
    उज्जैन। हिंदू पंचांग के अनुसार प्रत्येक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को भगवान श्रीगणेश के निमित्त गणेश चतुर्थी का व्रत किया जाता है। इस बार ये व्रत 20 मार्च, गुरुवार को है। धर्म ग्रंथों के अनुसार इस दिन भगवान श्रीगणेश का विधि-विधान से पूजन किया जाए, तो हर मनोकामना पूरी हो जाती है। गणेश चतुर्थी का व्रत इस विधि से करें- व्रत विधि - सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि काम जल्दी ही निपटा लें। - दोपहर के समय अपने सामर्थ्य के अनुसार सोने, चांदी, तांबे, पीतल या मिट्टी से बनी भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित...
    March 20, 12:06 PM
  • जानिए, होली के ये सात रंग कैसे निखारते हैं हमारा व्यक्तित्व..
    उज्जैन। होली रंग और प्रेम का त्योहार है। आज हम आपको जीवन और रंग चिकित्सा में रंगों के महत्व पर जानकारी देने के लिए जा रहे हैं। रंगों के सही उपयोग से आप अपने जीवन अधिक सफल, शांत और रंग भरा बना सकते हैं। रंगों का महत्व केवल हमारे शरीर के अंगों से या कल्पनाओं से ही नहीं है। रंग हमारे शरीर के सप्त च्रकों से भी जुड़े हैं। हमारे शरीर में सात चक्र हैं जो ऊर्जा के केंद्र हैं। मूलाधार, स्वाधिष्ठान, मणिपुर, अनाहत, विशुद्धि, आज्ञा और सहस्त्रार चक्र। हर चक्र का अपना एक विशेष रंग है। आइए जानते हैं कि कौन सा रंग...
    March 16, 09:23 AM
  • वसंत उत्सव का ही रूप है होली का त्योहार
    उज्जैन। सनातन धर्म में फाल्गुन पूर्णिमा के दिन होलिकोत्सव के साथ ही वसंतोत्सव या मदनोत्सव मनाया जाता है। वैसे माघ मास में वसंत पंचमी वसंत ऋतु के आने का संदेश दे जाती है। वसंत पंचमी से लेकर फाल्गुन पूर्णिमा तक प्रकृति भी जैसे वसंत ऋतु के स्वागत में उल्लास से भरी दिखाई देती है और इसके आते ही उत्सव का सिलसिला फाल्गुन पूर्णिमा से लेकर चैत्र कृष्ण रंगपंचमी तक चलता है। वसंत ऋतु को ऋतुराज माना जाता है। वसंत ऋतु के आते ही पेड़-पौधों पर नई कौंपलें आती हैं, चारों ओर हरियाली दिखाई देती है। टेसू और सेमल...
    March 11, 06:00 AM
  • रिश्तों को और मजबूत करता है होली का त्योहार
    उज्जैन। होली के त्योहार का नाम सुनते ही मन में अचानक ही रंगों से सराबोर चेहरों की याद ताजा हो जाती है। और हो भी क्यों न, क्योंकि होली त्योहार ही रंगों का है। होली का त्योहार भारतीय परंपरा का वह स्वर्णिम पन्ना है, जिसका हर अक्षर खुशियों के रंग से लिखा है। होली जीवन का उत्सव है, जिंदगी में उत्साह और उमंग के संचार का पर्व है। पर्व का शाब्दिक अर्थ है गांठ, गठान या जोडऩा। होली इस मायने में एकदम सटीक है। इस बार होली (धुरेड़ी) 17 मार्च, सोमवार को है। होली के रंगों से सराबोर हो जाना, मूलत: इसी बात का प्रतीक है कि...
    March 10, 06:00 AM
  • असत्य पर सत्य की जीत का प्रतीक है होली का त्योहार
    उज्जैन। हिन्दू पंचांग के अंतिम मास फाल्गुन की पूर्णिमा को होली का त्योहार मनाया जाता है। इस बार यह पर्व 16 मार्च, रविवार को है। होली का त्योहार मनाए जाने के पीछ कई कथाएं प्रचलित हैं। उनमें सबसे प्रमुख कथा इस प्रकार है- राजा हिरण्यकश्यपु राक्षसों का राजा था। उसका एक पुत्र था, जिसका नाम प्रह्लाद था। वह भगवान विष्णु का परम भक्त था। राजा हिरण्यकश्यपु भगवान विष्णु को अपना शत्रु मानता था। जब उसे पता चला कि प्रह्लाद विष्णु भक्त है, तो उसने प्रह्लाद को रोकने का काफी प्रयास किया, लेकिन तब भी प्रह्लाद की...
    March 7, 06:00 AM
  • होलिका दहन 16 को, क्या आप जानते हैं इस पर्व से जुड़ी ये खास बातें
    उज्जैन। हिन्दू पंचांग के अनुसार वर्ष के अंतिम माह फाल्गुन की पूर्णिमा को होली का त्योहार मनाया जाता है। यह हिन्दू धर्म के सबसे प्राचीन उत्सवों में से प्रमुख उत्सव है। इस पर्व का महत्व धर्म ग्रंथों में भी मिलता है। इसलिए इसे वैदिक पर्व भी कहते हैं। इस बार यह पर्व १६ मार्च, रविवार को है। इस पर्व में होलाका नामक अन्न (जिसका संस्कृत भाषा में अर्थ है खेत का आधा कच्चा, आधा पक्का अन्न या भुना हुआ अन्न) से हवन कर प्रसाद लेने की परंपरा थी। संभवत: इसलिए इसका नाम होलिकोत्सव हुआ। श्रीमद्भागवत में भी नई फसल...
    March 6, 12:23 PM
  • क्या आप जानते हैं भगवान शिव किस तिथि के देवता हैं और क्यों?
    उज्जैन। हिंदू पंचांग के अनुसार एक हिंदू महीने में 15-15 दिनों के दो पक्ष होते हैं, जिन्हें कृष्ण व शुक्ल पक्ष कहा जाता है। इन दोनों में प्रतिपदा से चतुर्दशी तक की तिथि समान होती है। कृष्ण पक्ष के अंतिम दिन को अमावस्या तथा शुक्ल पक्ष के अंतिम दिन को पूर्णिमा कहते हैं। इस प्रकार कुल सोलह तिथियां होती हैं औरहर तिथि का एक स्वामी होता है। जिस तिथि का जो स्वामी होता है, उसका उस तिथि को व्रत-पूजन करने से विशेष कृपा मिलती है। धर्म ग्रंथों के अनुसार चतुर्दशी तिथि के स्वामी भगवान शिव हैं। कृष्ण पक्ष की...
    February 24, 06:00 AM
  • महाशिवरात्रि 27 को: असंभव काम भी संभव हो जाता है इस शिव स्तोत्र से
    उज्जैन। भगवान शंकर की महिमा का वर्णन अनेक धर्म ग्रंथों में किया गया है। सभी में एक ही बात कही गई है कि भगवान शिव अपने भक्तों का कल्याण करने के लिए तत्पर रहते हैं। इनकी उपासना करने से जीवन का हर सुख मिलता है। धर्म ग्रंथों के अनुसार यदि किसी असंभव कार्य को संभव करना हो तो शिवषडक्षर स्तोत्र का पाठ करना चाहिए। इस स्त्रोत का पाठ महाशिवरात्रि (27 फरवरी, गुरुवार) के दिन करने से विशेष फल की प्राप्ति होती है। शिवषडक्षरस्तोत्रम् ऊँकारं बिंदुसंयुक्तं नित्यं ध्यायंति योगिन:। कामदं मोक्षदं चैव ओंकाराय...
    February 23, 06:00 AM
  • शिव के इस अवतार से डर कर भाग गए थे शनिदेव, जानिए रोचक बातें
    उज्जैन। हिंदू धर्म ग्रंथों के अनुसार फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाता है। मान्यता के अनुसार इस दिन भगवान शिव लिंग रूप में प्रकट हुए थे। इस बार महाशिवरात्रि का पर्व 27 फरवरी, गुरुवार को है। शिवमहापुराण में भगवान शिव की अनेक अवतारों के बारे में बताया गया है, लेकिन बहुत कम लोग शिव के इन अवतारों के बारे में जानते हैं। आज हम आपको भगवान शिव के एक ऐसे अवतार के बारे में बता रहे हैं जिन्होंने शनिदेव पर भी प्रहार कर दिया था, जिसके कारण शनिदेव की गति मंद हो गई।...
    February 23, 01:00 AM
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