उत्तर दिशा के स्वामी भगवान कुबेर तथा प्रतिनिधि ग्रह बुध है। भूखण्ड के उत्तर दिशा में मार्ग हो तो भवन उत्तरमुखी अर्थात उत्तराभिमुख होगा। ऐसा घर परिवार की महिलाओं व धन पर ज्यादा असर डालता है। ऐसे भूखण्ड पर भवन निर्माण करते समय कुछ विशेष वास्तु सिद्धांतों का पालन करना चाहिए, जिससे कि इससे होने वाले वास्तु दोषों का निवारण हो सके। इन उपायों को जानने के लिए अगली स्लाइड्स पर क्लिक करें-