Home» Jeevan Mantra »Jyotish »Jyotish Nidaan » Jyts Know The Nature Of Any Person According To Astrology

समझिए, किस राशि के लोग कैसे होते हैं

धर्म डेस्क. उज्जैन | Jan 06, 2013, 13:51PM IST
7 of 13

कर्क- इस राशि का चिन्ह केकड़ा है और यह उत्तर दिशा की द्योतक है। यह चर राशि है। राशि स्वामी चन्द्रमा है। इसके अन्तर्गत पुनर्वसु नक्षत्र का अन्तिम चरण, पुष्य नक्षत्र के चारों चरण तथा अश्लेशा नक्षत्र के चारों चरण आते हैं।
जातक कल्पनाशील होते हैं। शनि-सूर्य जातक को मानसिक रूप से अस्थिर बनाते हैं और जातक में अहम की भावना बढ़ाते हैं। जिस स्थान पर भी वह कार्य करने की इच्छा करता है, जातक को परेशानी ही मिलती है।
शनि-बुध दोनो मिलकर जातक को होशियार बना देते है। शनि-शुक्र जातक को धन और जायदाद देते है। शुक्र उसे सजाने संवारने की कला देता है और शनि अधिक वासना देता है।
जातक को उपदेशक बन सकता है। जातक को बुध आंकडे और शनि लिखने का प्रभाव देते हैं। कम्प्यूटर आदि का प्रोग्रामर बनाने में जातक को सफलती मिलत है।
जानक श्रेष्ठ बुद्धि वाला, जलविहारी, कामुक, कृतज्ञ, ज्योतिषी, सुगंधित पदार्थों का सेवी और भोगी होता है। वह मातृभक्त होता है।
कर्क केकडा जब किसी वस्तु या जीव को अपने पंजों के जकड़ लेता है, तो उसे आसानी से नहीं छोडता है। भले ही इसके लिये उसे अपने पंजे गंवाने पडें. उसी तरह जातकों में अपने प्रेम पात्रों तथा विचारों से चिपके रहने की प्रबल भावना होती है, यह भावना उन्हें ग्रहणशील, एकाग्रता और धैर्य के गुण प्रदान करती है। उनका मूड बदलते देर नहीं लगती है। कल्पनाशक्ति और स्मरण शक्ति बहुत तीव्र होती है। उनके लिए अतीत का महत्व होता है। मैत्री को वे जीवन भर निभाना जानते हैं, अपनी इच्छा के स्वामी होते हैं।
ये सपना देखने वाले होते हैं, परिश्रमी और उद्यमी होते हैं। जातक बचपन में प्राय: दुर्बल होते हैं, किन्तु आयु के साथ साथ उनके शरीर का विकास होता जाता है। चूंकि कर्क कालपुरुष की वक्षस्थल और पेट का प्रतिधिनित्व करती है, अत: जातकों को अपने भोजन पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।
 

  
KHUL KE BOL(Share your Views)
 
विज्ञापन

बड़ी खबरें

रोचक खबरें

विज्ञापन

बॉलीवुड

स्पोर्ट्स

जोक्स

पसंदीदा खबरें

फोटो फीचर

Email Print
0
Comment