Home» Jeevan Mantra »Jeene Ki Rah »Suktiyon Ki Seekh » Jyts Know The Punishment For Rapist According Garud Puran

बलात्कारियों को मिलती है ऐसी सजा, जिससे रूह तक कांप जाए

धर्म डेस्क. उज्जैन | Dec 29, 2012, 15:52PM IST
4 of 6
शास्त्रों में लिखा है कि-
कन्यायां कामुकश्चैव सतीनां दूषकश्चय:। विहितत्यागिनो मूढा वैतरिण्यां पंतति ते।।
इस श्लोक का अर्थ है कि बलात्कारी या व्यभिचारी को इसी नदी में से होकर यमपुरी मार्ग की और ले जाया है। व्यभिचार करने वाला स्त्री पुरुष कोई भी हो सभी को एक समान सजा मिलती है।
नर्क में ले जाकर यमराज इनकी सजा का निर्धारण करते हैं। इनको तामिस्त्र नामक नर्क में भेजा जाता है। जहां कई वर्षों तक लोहे के एक ऐसे तवे पर रखा जाता है। जो सौ योजन (चार सौ किमी) लंबा एवं इतना ही चौडा होता है। इस तवे के नीचे प्रचंड अग्रि प्रज्वलित होती है और ऊपर से सौ सूर्यों के समान तेज धूप आती है। इस तवे पर बलात्कारी को निर्वस्त्र कर छोड दिया जाता है।
 
Ganesh Chaturthi Photo Contest
आपके विचार
 
अपने विचार पोस्ट करने के लिए लॉग इन करें

लॉग इन करे:
या
अपने बारे में बताएं
 
 

दिखाया जायेगा

 
 

दिखाया जायेगा

 
कोड:
5 + 3

 
विज्ञापन

बड़ी खबरें

Ganesh Chaturthi Photo Contest

रोचक खबरें

विज्ञापन

बॉलीवुड

स्पोर्ट्स

जोक्स

पसंदीदा खबरें

फोटो फीचर

 
Email Print Comment