आज के समय में बढ़ती आपराधिक घटनाएं यही बताती हैं कि हमें हमेशा ही सावधान और सर्तक रहना चाहिए। ज्यादातर अपराध जान-पहचान वाले लोगों द्वारा ही किए जाते हैं। अत: हमें ऐसे लोगों को पहचानकर इनसे दूर ही रहना चाहिए। साथ ही हमें गोपनीय बातों को किसी पर जाहिर नहीं करना चाहिए। इस संबंध में आचार्य चाणक्य बताया है कि-