- रविवार या हर रोज सुबह सूर्योदय के पहले जागकर स्नान करें। सफेद व स्वच्छ वस्त्र पहनें।
- सूर्य के उदय होने पर पूर्व दिशा की ओर मुख कर गंगा जल से अर्घ्य दें।
- घर या किसी मंदिर में सूर्य की प्रतिमा की पंचोपचार पूजा करें।
- पूजा में खासतौर पर सूर्य को गंध या लाल चंदन, लाल रंग के फूल, अक्षत चढ़ाकर धूप और दीप जलाकर आरती करें।
- सूर्य अर्घ्य व सूर्य पूजा में इस सूर्य मंत्र का स्मरण करें -
नमामि देवदेवशं भूतभावनमव्ययम्।
दिवाकरं रविं भानुं मार्तण्डं भास्करं भगम्।
जय लोकप्रदीपाय जय भानो जगत्पते।
जय कालजयानन्त संवत्सर शुभानन।।