Home» Jeevan Mantra »Dharm »Gyan » Know Syptoms Of Woman, Who Give Plesure And Creat Problems, According Ancient Scripture

कौन सी स्त्री देगी सुख व कौन करेगी दुःखी? एक धर्मग्रंथ में बताए हैं ये लक्षण

धर्मडेस्क. उज्जैन | Jul 23, 2013, 20:41PM IST
1 of 17

प्राचीन हिन्दू धर्मशास्त्रों में सांसारिक जीवन में स्त्री की बड़ी अहमियत बताई गई है। घर-गृहस्थी की बुनियाद भी स्त्री को माना गया है। घर के हर काम पुरुष के संग स्त्री के गठजोड़ से ही बिन रुकावटों के पूरे होते है। इस तरह हर गृहस्थ पुरुष के जीवन के सारे कामों में स्त्री की प्रधानता होती है।
 
इन बातों से यह भी साफ होता है कि अगर कोई स्त्री सुशील और बुद्धिमान हो तो गृहस्थी को कोई हानि नहीं होती, किंतु इसके उलट स्त्री का आचरण कई तरह से गृहस्थी व पुरुष के जीवन में दुःखों की वजह बन सकता है।
 
धर्म के साथ विज्ञान के नजरिए से भी गौर करें तो नजर आता है कि कुदरत या यूं कहें कि प्रकृति रूप ईश्वर ने स्त्री को प्रदान की जननी होने की विलक्षण शक्ति को संपूर्ण बनाने के लिए पुरुष को भी जनक के तौर पर भागीदार बनाया।
 
सृष्टि चक्र को सुचारू रूप से चलाने के लिए या फिर सांसारिक जीवन को सुखद बनाने के मकसद से ही हिन्दू धर्मग्रंथों में कई प्रसंगों के जरिए स्त्री से जुड़ी ऐसी बातें भी उजागर हैं, जिसे कोई भी पुरुष जानकर स्त्री से बेहतर तालमेल के जरिए जीवन को सुखद व खुशहाल बना सकता है।
 
इसी कड़ी में जानिए हिन्दू धर्मग्रंथ भविष्यपुराण में उजागर स्त्रियों के वे लक्षण, जो किसी स्त्री के खासतौर पर बाहरी रंग-रूप व डील-डौल के जरिए आचरण व स्वभाव को भी उजागर कर देते है -

आपके विचार
 
अपने विचार पोस्ट करने के लिए लॉग इन करें

लॉग इन करे:
या
अपने बारे में बताएं
 
 

दिखाया जायेगा

 
 

दिखाया जायेगा

 
कोड:
7 + 5

 
विज्ञापन

बड़ी खबरें

रोचक खबरें

विज्ञापन

बॉलीवुड

स्पोर्ट्स

जोक्स

पसंदीदा खबरें

फोटो फीचर

 
Email Print Comment