शिशिर ऋतु प्राय: मकर संक्रांति (सायन) के साथ 22 दिसंबर से शुरू होकर 17 फरवरी तक रहती है। यह ऋतु स्वास्थ्य साधना की ऋतु है। स्वस्थ शरीर में स्वस्थ मन का वास होता है। यदि शरीर और मन दोनों स्वस्थ हों, तो अध्यात्म की साधना और कर्म के लिए सकारात्मक आधार और ऊर्जा बनती है। इसीलिए स्वास्थ्य को साधने के सारे उपक्रम प्राय: शिशिर ऋतु में विशेष रूप से किए जाते हैं।